पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न स्व0 राजीव गांधी की जयन्ती सद्भावना दिवस के रूप में मनाई गयी।
बाराबंकी जिला कांग्रेस द्वारा लगाया निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर।

फहीम सिद्दीकी
बाराबंकी – संचार क्रांति के योद्धा 21वीं सदी के नायक पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न स्व0 राजीव गांधी जी की जयन्ती सद्भावना दिवस के रूप में जिला कांग्रेस कार्यालय में मनाई गयी।
सद्भावना दिवस के अवसर पर निःशुल्क, चिकित्सा स्वास्थ शिविर, के माध्यम से तमाम आम जनमानस की शुगर, बी0पी0, फीवर, आदि की जाँचे की गयी।
जिला कांग्रेस के अध्यक्ष मो0 मोहसिन ने सद्भावना दिवस के अवसर पर राजीव गांधी जी को नमन करते हुये कहा कि, भारत के इतिहास में सबसे कम उम्र के प्रधानमंत्री बने थे राजीव गांधी जी। उन्होने देश के आधुनिकीकरण और विकास के लिये कई महत्वपूर्णं कदम उठाये थे। उन्होने सूचना क्रांति, भारत में कम्प्यूटर और दूरसंचार क्रांति एवं प्रौद्योगिकी के प्रसार को बढ़ावा दिया था। राजीव जी ने नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति 1986 कि शुरूआत की जिसका उद्देश्य शिक्षा प्रणाली में सुधार लाना था। पंचायती राज प्रणाली को मजबूत करने के लिये प्रयास किया ताकि ग्रामीण क्षेत्रों में सत्ता का विकेन्द्रीयकरण हो सके।
इस अवसर पर नगर अध्यक्ष राजेन्द्र वर्मा फोटोवाला ने कहा कि, स्व0 राजीव गांधी जी जिस प्रकार देश को उन्नत के शिखर की ओर ले जा रहे थे उससे यह आभास होने लगा था कि, दुनिया का सबसे मजबूत व सशक्त भारत का निर्माण हो रहा है।
प्रवक्ता के0सी0 श्रीवास्तव ने कहा कि, सद्भावना दिवस के रूप मे स्व0 राजीव गांधी जी की जयन्ती हर वर्ष 20 अगस्त को मनाई जाती है। जिससे समाज में एक दूसरे के प्रति सद्भावना हो भाईचारे का पैगाम दिया जा सके। जिस प्रकार राजीव जी नौजवानों और किसानों के उन्नित के लिये दिन रात सपने देखा करते थे और कई ऐसे रास्ते राजीव जी ने उन नौजवानों और किसानों के लिये खोले थे जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में देश का अन्नदाता किसान खुशहाल हो सके और नौजवान नयी नयी दिशाओं में कार्य कर सके।
इस अवसर पर जिला उपाध्यक्ष अजीत वर्मा, राम हरख रावत, नेकचन्द्र त्रिपाठी, विद्या देवी, ओमकार मिश्रा, शिव रानी देवी, मोईनुद्दीन अंसारी, मो0 सीबू, फरहान किदवई आर0डी0 राव, प्रशान्त सिंह, डा0 सहबाज, श्रीकान्त मिश्रा, सुनीता कुमारी, अनुराग यादव, माता प्रसाद, अजय रावत, विजय पाल गौतम, अभय गौतम, आनन्द रावत, राहुल, देवेन्द्र सिंह मोनू, अकील इदरीसी, सौरभ पाण्डेय, सन्तशरण वर्मा, जसवन्त वर्मा, अरविन्द वर्मा, विजय बहादुर वर्मा, इत्यादि लोग उपस्थित थे।



