लखनऊ। अमृत (Atal Mission for Rejuvenation and Urban Transformation) योजना के माध्यम से उत्तर प्रदेश के नगरीय क्षेत्रों में नागरिक जीवन स्तर में निरंतर सुधार देखा जा रहा है। इस योजना का प्रमुख उद्देश्य शहरी आबादी को नल के माध्यम से स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराना है। इसके अतिरिक्त, सीवरेज व्यवस्था को सुदृढ़ बनाना, पारंपरिक जल स्रोतों जैसे सरोवरों का पुनरोद्धार एवं नवीनीकरण तथा हरित क्षेत्रों के विस्तार हेतु पार्कों का निर्माण कार्य भी इस योजना के अंतर्गत किया जा रहा है।
इसी क्रम में भारत सरकार के आवास एवं शहरी कार्य मंत्रालय (MoHUA) की टीम द्वारा अमृत एवं अमृत 2.0 कार्यक्रम के अंतर्गत चल रही परियोजनाओं की समीक्षा एवं स्थलीय निरीक्षण किया गया। टीम ने लखनऊ के बिनौरा एवं मल्हौर स्थित सरोवरों में किए जा रहे निर्माण कार्यों का निरीक्षण किया।
टीम द्वारा लखनऊ स्थित 10 मेगावाट के सौर ऊर्जा पार्क का निरीक्षण किया एवं इब्राहिमपुर वार्ड में निर्माणाधीन पानी की टंकी का निरीक्षण किया तथा कार्यों की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की। इसके अतिरिक्त टीम ने सरोजिनी नगर वार्ड 1 एवं 2 का भी दौरा किया एवं नागरिकों से संपर्क कर उन्हें योजना से होने वाले लाभ के बारे में जानकारी प्रदान की।
अमृत एवं अमृत 2.0 योजनाएं शहरी बुनियादी ढांचे के विकास और नागरिक सुविधाओं के विस्तार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम हैं, जो ‘स्मार्ट सिटीज़’ की अवधारणा को साकार करने में सहायक सिद्ध हो रही हैं।




